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तुरंत बिहार आएं अभिजीत दीपके…’, तेज प्रताप यादव ने सीजेपी फाउंडर से की अपील

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तुरंत बिहार आएं अभिजीत दीपके…’, तेज प्रताप यादव ने सीजेपी फाउंडर से की अपील
By - bhaskarbhoominews.com | 25 Jul 2026 09:26 PM
तुरंत बिहार आएं अभिजीत दीपके…’, तेज प्रताप यादव ने सीजेपी फाउंडर से की अपील
जंतर-मंतर पर चल रहे छात्रों के प्रदर्शन के कारण मोदी सरकार के शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपना इस्तीफा शनिवार को दे दिया है। सीजेपी छात्र और युवाओं इसे अपनी जीत मानकर जश्न मना रहे हैं। इसी बीच बिहार की धरती से लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव ने भी अभिजीत दीपके से एक बड़ी अपील की है।
सोशल मीडिया एक्स पर तेज प्रताप ने कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके को बिहार आने का न्योता दिया है और उनसे भाजपा सरकार को उखाड़ फेंकने की अपील की।
बिना देरी किए बिहार आएं अभिजीत- तेज प्रताप
तेज प्रताप यादव ने अपनी और अभिजीत दीपके की तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, “मैं तेज प्रताप यादव सीजेपी प्रमुख अभिजीत दीपके से विशेष अपील करता हूं कि वे बिना देरी किए बिहार आएं।”
उन्होंने लिखा, बिहार की वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों को देखते हुए आज एक कड़े और मजबूत जनांदोलन की जरूरत है। मैं उनसे आग्रह करता हूं कि वे बिहार आकर यहां की जनता की आवाज बनें और सम्राट चौधरी सरकार की उखाड़ फेंकने का काम करें।
इस परिवर्तन की लड़ाई में मेरी पार्टी जनशक्ति जनता दल (जेजेपी) और मेरे समर्थकों का पूर्ण और अटूट समर्थन उनके साथ रहेगा। प्रदेश के बेहतर भविष्य और जनहित के लिए जो भी कड़े कदम उठाने होंगे, उसमें हम कंधे से कंधा मिलाकर खड़े रहेंगे।
इस्तीफे को छात्रों की जीत बताया
इससे पहले एक अन्य ट्वीट में तेज प्रताप ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को छात्रों की जीत बताया था। उन्होंने लिखा, “मेहनत की स्याही का जब हिसाब मांगा युवाओं ने तो कुर्सियों के गुरूर भी जमीन पर आ गिरे।”
आगे लिखा, “शनिवार को बिहार बंद के दौरान छात्रों के समर्थन में जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर युवा शक्ति के साथ सड़क पर उतरा ,बात चाहें दिल्ली के जंतर मंतर पर उमड़े जनसैलाब की हो या बिहार की। अक्सर केंद्र सरकार की शिक्षा नीतियों, प्रतियोगी परीक्षाओं में गड़बड़ियों और अन्य मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार को आईना दिखाने का काम करता रहा हूँ। प्रतियोगिता परीक्षाओं में हो रही धांधली और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ के लिए सरकार की जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा ,ये जीत छात्रों की जीत हैं, अन्याय के विरुद्ध न्याय की जीत है।”

